Monday, 22 February 2016

इसीलिये तो बच्चों पे नूर सा बरसता है ..
शरारते तो करते है , साज़िशें नहीं करते ..।।


हेमंत शर्मा की फेसबुुक  बॉल से

Sunday, 21 February 2016

जलने वालो की दुआ से ही बरकत है.
 वरना़ अपना कहने वाले लोग तो याद भी नहीं करते।।
- नीरू चौहान की फेसबुक वाल से 

Saturday, 20 February 2016

"कमाकर दरवाज़े से घर में सुख लाने की 

कोशिश करते रहे...


पता ही ना चला 

कि कब

 ....
खिड़कियों से



खुशियाॅ निकल गई...!!


-अक्षय जैन की फेसबुुक वॉल से

बड़े हो गए

उदास रहता  है मुहल्ले में  बारिश का पानी आजकल,
सुना है  कागज की नाव बनाने वाले बड़े हो गए।
-मिल गई है आज मुझे वो कागज की "नाव"
पता ये चला कि चलाने बाले बड़े हो गये।
-रामगोपाल शर्मा की फेस बुक वाल से

Tuesday, 2 February 2016

पलकों की हद को तोड़ के दामन पे आ गिरा

पलकों की हद को तोड़ के दामन पे आ गिरा.
 एक अशक मेरे सब्र की तोहीन कर गया |
 -श्री रवीद्र श्रीवास्तव की फेस बुक  वाल से<